कंडवाल में चक्की पुल को खतरा, बंद किया गया ट्रैफिक

मृत्युंजय पुरी, धर्मशाला।। कंडवाल स्थित चक्की सड़क पुल लगभग 27 घंटे बाद एनएचएआई की रिपोर्ट पर प्रशासन ने बंद कर दिया है। एनएचएआई के परियोजना निदेशक अनिल सेन ने बारिश से पानी का बहाव बढ़ जाने के कारण पुल की सुरक्षा को लेकर कांगड़ा व पठानकोट के उपायुक्तों को मेल करके तुरंत प्रभाव से चक्की पुल पर यातायात बंद करने को कहा है।

जानकारी के अनुसार पहाड़ी क्षेत्रों में हुई बारिश के कारण चक्की पुल के दो पिल्लरों पी-1 तथा पी-2 के पास पानी का बहाव ज्यादा हो गया था जिससे पिल्लरों को खतरा पैदा हो गया था। इसके चलते संबंधित विभाग ने तुरंत प्रभाव से पुल को यातायात के लिए बंद करवा दिया। पुल के दो पिल्लर पानी के तेज बहाव के कारण काफी बाहर आ गए हैं। पिल्लरों के पास खाई बन रही है, अत: पिल्लरों को सुरक्षित करने के लिए मशीनों से पानी को डायवर्ट किया जा रहा है।

विज्ञापन

प्रोजैक्ट निदेशक अनिल सेन ने बताया कि पानी को डायवर्ट करने का कार्य प्रगति पर है। उन्होंने कहा कि इसके लिए आर्मी की सहायता भी ली जा रही है। उन्होंने कहा कि पानी को डायवर्ट करने के बाद पिल्लरों को सुरक्षा प्रदान करने के लिए क्रेट वर्क आदि किया जाएगा।

अब जसूर, नूरपुर तथा अन्य क्षेत्रों से पंजाब के क्षेत्रों चक्की, जंडवाल, ममून, बुंगल, बधाणी तथा पठानकोट जाने वाले लोगों को लोधवा-भदरोया सड़क से लगभग 20-25 किलोमीटर का अतिरिक्त सफर तय कर अपने गंतव्यों पर पहुंचना पड़ेगा। ऐसा अनुमान है कि कुछ दिनों तक पुल यातायात के लिए बहाल नहीं होगा।

इन हिमाचल को जरूरत है Digital Journalists की

0

इन हिमाचल डेस्क।। ‘इन हिमाचल’ को डिजिटल जर्नलिस्ट्स की जरूरत है। इस समय हमें शिमला में एक रिपोर्टर और डेस्क पर दो सहयोगियों की आवश्यकता है।

हम किसे तलाश रहे हैं: ऊर्जावान पत्रकार जो खबरों की समझ रखते हों, पढ़ने-लिखने के शौकीन हों, कैमरे के सामने धाराप्रवाह बोल सकते हों, डिजिटल मीडिया में काम कर चुके हों, हस्तियों के इंटरव्यू लेने में सक्षम हों और सबसे महत्वपूर्ण बात-  टेक्नॉलजी से घबराते न हों।

रिपोर्टर को इवेंट कवरेज, फेसबुक लाइव, स्पॉट रिपोर्टिंग, इंटरव्यू आदि का अनुभव होना आवश्यक है।

डेस्क के सहयोगी अच्छी स्क्रिप्ट राइटिंग करने में समक्ष होने चाहिए और उन्हें फेसबुक, यूट्यूब, वर्डप्रेस आदि का अच्छा ज्ञान होना चाहिए। अगर उन्हें वॉइस ओवर के साथ-साथ वीडियो एडिटिंग का भी अनुभव हो तो सोने पर सुहागा। इन हिमाचल प्रदेश का पहला ऐसा पोर्टल है जो कोविड काल से कई वर्ष पहले, साल 2015, से ही वर्क फ्रॉम होम मोड पर चलता है। इसलिए, अगर आपमें जज्‍बा है तो निश्चित अवधि की शिफ्ट में कहीं से भी पूरी ईमानदारी के साथ काम करने के लिए तैयार रहें।

पात्रता: पत्रकारिता की डिग्री या डिप्लोमा नहीं चाहिए, काम को लेकर जुनून चाहिए। आप अपने काम के सैंपल भेजें, वेतन योग्यता अनुसार दिया जाएगा। अगर आप फ्रेशर हैं तो अपनी मर्जी के किसी भी विषय पर रिपोर्टिंग करते हुए वीडियो शूट करके भेज सकते हैं।

अपना रेज़मे और काम के सैंपल 31 अगस्त, 2022 तक इस आईडी पर भेजें:

inhimachal.in@gmail.com

अपना Resume ध्यान से तैयार करके भेजें। जिन आवेदनों के साथ काम के सैंपल (Live Reporting, Anchoring, Interviews etc.) नहीं होंगे, उनपर विचार नहीं किया जाएगा।

धर्मशाला : मनूनी खड्ड में डूबने से सिद्धबाड़ी के 28 वर्षीय युवक की मौत

धर्मशाला।। कांगड़ा जिला में एक युवक की खड्ड में डूबने से मौत हो गई। मृतक की पहचान 28 वर्षीय साहिल पुत्र महेश निवासी सिद्धबाड़ी के रूप में हुई है। हादसा पुलिस चौकी योल के तहत सिद्धबाड़ी की मनूनी खड्ड में पेश आया है।

जानकारी के अनुसार साहिल मनूनी खड्ड की ओर गया था कि तभी उसका पांव फिसल गया और वह पानी के तेज बहाव में बह गया। हादसे का पता चलते ही आसपास के लोग भी मौके पर एकत्रित हो गए और युवक की तलाश शुरू की गई। युवक का शव घटनास्थल से काफी दूर जाकर पानी से बरामद कर लिया गया।

 

बीजेपी ने सौदान सिंह बनाए हिमाचल चुनाव प्रभारी, देवेंद्र सिंह राणा को भी जिम्मेदारी

शिमला। एक ओर शिमला में बीजेपी की कोर कमेटी की बैठक चल रही है तो दूसरी ओर अब बीजेपी ने भी चुनावों को लेकर तैनातियां शुरू कर दी हैं। बीजेपी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सौदाई सिंह को हिमाचल चुनाव प्रभारी बनाया गया है। इसके अलावा देवेंद्र सिंह राणा को चुनाव सह-प्रभारी तैनाती दी गई है।

इससे पहले हिमाचल चुनाव संचालन समिति की भी घोषणा बीजेपी की ओर से की गई थी। चुनाव संचालन समिति की कमान मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को दी गई है, जबकि प्रबंधन कमेटी की कमान डॉ. राजीव बिंदल को दी गई है। कांग्रेस इससे पहले ही अपनी कई जंबो चुनाव समितियों का गठन पहले ही कर चुकी है।

आईपीएस रामरेश्वर सिंह HPPSC के नए चेयरमैन, नैन सिंह-राजेश शर्मा-राकेश शर्मा बनाए गए सदस्य

शिमला।। अब हिमाचल लोक सेवा आयोग के चेयरमैन आईपीएस रामेश्वर सिंह ठाकुर होंगे। रामेश्वर सिंह वर्तमान में आईजी इन्टेलीजेंस हैं। इस बाबत गुरुवार सुबह नोटिफिकेशन भी जारी हो गई है। रामेश्वर सिंह ठाकुर के अलावा राजेश शर्मा, राकेश शर्मा और नैन सिंह को एचएपीपीएसएसी का सदस्य बनाया गया है। राजेश शर्मा रिटायर्ड कर्नल हैं। राकेश शर्मा रिटायर्ड आईएएस हैं। जबकि नैन सिंह एचपीयू में प्रोफेसर रह चुके हैं।

इनके अलावा पुरानी नोटिफिकेशन के मुताबिक ओपी शर्मा की नियुक्ति को रद्द कर दिया गया है। अब नए अध्यक्ष और सदस्यों का शपथ ग्रहण समारोह होना है। दरअसल 17 अगस्त को डॉ. रचना गुप्ता को हिमाचल प्रदेश लोक सेवा आयोग का नया अध्यक्ष बनाने की अधिसूचना जारी हुई थी। वो पहले से ही आयोग की सदस्य थीं। इसके अलावा राकेश शर्मा, राजेश शर्मा और ओपी शर्मा को आयोग का सदस्य बनाया गया था।

18 अगस्त को आयोग की नई अध्यक्ष और सदस्यों की शपथ होनी थी, लेकिन शपथ ग्रहण समारोह टल गया। अब नई अधिसूचना के मुताबिक ओपी शर्मा की जगह नैन सिंह को जगह दी गई है और अध्यक्ष पद पर आईपीएस रामेश्वर सिंह ठाकुर की नियुक्ति की गई है। बताया जा रहा है कि अध्यक्ष पद पर बदलाव सीधा शीर्ष नेतृत्व के दखल के बाद किया गया है। साथ ही यह भी कहा जा रहा है कि डॉ. रचना गुप्ता ने ख़ुद भी अध्यक्ष बनने पर असमर्थता ज़ाहिर की थी।

KCC: कर्ज वसूली के लिए एमडी का बैंक से जुड़े 7 लोगों को नोटिस

कांगड़ा।। केसीसी बैंक में करोड़ों के ऋण की वसूली के लिए बड़ा एक्शन हुआ है। करोड़ों के कर्ज के मामले की जांच में अतिरिक्त रजिस्ट्रार ने बैंक से जुड़े सात लोगों की जिम्मेदारी तय की है। इसके तहत ऋणधारक से कर्ज की वसूली करने को कहा गया है। इसमें कहा गया है कि किसी कारण अगर कर्जधारक अगर भरपाई नहीं करता है, तो इन लोगों से यह पैसा वसूल किया जाए। कुल 28 पन्नों की जांच रिपोर्ट में चेयरमैन समेत कुल सात लोगों की जिम्मेदारी तय की गई है। अब इसमें पंजीयक सहकारी सभाएं की ओर से भी कार्रवाई होने का इंतजार है। यही नहीं, इस मामले में एमडी की संस्तुति पर जीएम ने इस ऋण की रिकवरी के लिए लैटर जारी किया है।

विज्ञापन

ऋण का यह बहुचर्चित मामला साल 2019 से शुरू हुआ था। इसमें मंडी के रहने वाले एक व्यक्ति को ऊना की एक ब्रांच से 20 करोड़ रुपए का कर्ज दिया गया था। इसके तहत मनाली में होटल बनाया जाना था। बताया जाता है कि कर्जधारक ने तीन साल बाद भी इस पैसे का पूरी तरह उपयोग न किया। इस पर साल 2019-20 के आडिट में आडिटर ने इसे गलत करार दिया था। इसके बाद पंजीयक सहकारी सभाएं शिमला द्वारा इसकी जांच करवाई गई। इसमें भी नियमों की अनदेखी सामने आई है। मौजूदा समय में यह कर्ज 20 करोड़ से काफी ज्यादा बताया जाता है। हाल ही में अतिरिक्त रजिस्ट्रार सहकारी सभाएं ने सहकारी अधिनियम 1968 की धारा 69 (2) के तहत जांच में बैंक से जुड़े सात लोगों की जिम्मेदारी फिक्स की है। इसके तहत कहा गया है कि त्रणधारक अगर कर्ज भरने में असमर्थ रहता है,तो उपरोक्त सात लोगों से यह पैसा वसूला जाए। इस बारे में अतिरिक्त रजिस्ट्रार सहकारी सभाएं सुखदेव सिंह ने कहा कि उन्होंने रिपोर्ट बनाकर भेज दी है। इस मामले उन्हें जो कमियां नजर आई हैं, उनका जिक्र कर दिया है।

रजिस्ट्रार राजेश शर्मा ने क्या कहा
इस बारे में रजिस्ट्रार सहकारी सभाएं राजेश शर्मा ने कहा कि धारा 69 (2) की जांच पूरी हो चुकी है। इसमें ऋण वसूली के लिए जिम्मेदारी फिक्स हुई है। नियमानुसार ऐसे मामलों में कर्ज की वसूली के लिए जिम्मेदार लोगों को कहा जाता है। ऋणधारक से अगर कर्ज की वसूली न हो पाए, तो जिम्मेदार लोगों से वसूली का प्रावधान है। गौर रहे कि केसीसी बैंक पांच जिलों में अठारह लाख ग्राहकों को सेवा देता है। इससे करीब पंद्रह सौ कर्मचारी जुड़े हैं। कांगड़ा सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक प्रबंधन पर कर्ज बांटने को लेकर यह बड़ा मामला है।

विधानसभा अध्यक्ष विपिन सिंह परमार बोले, भगवा विचारधारा विश्वास को जिंदा रखती है

धर्मशाला । भगवा विचारधारा विश्वास को ज़िंदा रखती है। यह बात गृहिणी सुविधा योजना के जिला स्तरीय लाभार्थी कार्यक्रम के बाद विधानसभा अध्यक्ष विपिन सिंह परमार ने पत्रकारों के साथ कही। इस दौरान उन्होंने वर्तमान सरकार की ओर से महिला सशक्तीकरण के लिए किए जा रहे कार्य गिनवाए।

ग़ौरतलब रहे प्रदेश सरकार द्वारा आज राज्य स्तरीय गृहिणी सुविधा कार्यक्रम का आयोजन कुल्लू में किया गया तो वहीं जिला कांगड़ा में धर्मशाला महाविद्यालय के सभागार में जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिला स्तरीय कार्यक्रम में विधानसभा अध्य्क्ष विपिन सिंह परमार ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। उनके साथ धर्मशाला के विधायक विशाल नेहरिया मौजूद रहे।

विज्ञापन

इस कार्यक्रम में जहां महिलाओं को गृहिणी सुविधा के तहत गैस कनेक्शन वितरित किए गए तो वहीं जिन महिलाओं को गृहिणी सुविधा का लाभ मिला है उनसे बाततीच की गई। विधानसभा अध्य्क्ष ने कहा कि प्रदेश के 75 वर्ष ओर प्रदेश विकास की दृष्टि से आगे बढे़ इसको लेकर अलग-अलग जगह कार्यक्रम हो रहे हैं। इसके तहत मुख्यमंत्री गृहणी योजना कार्यक्रम का आयोजन हो रहा है। प्रदेश के सभी 12 जिलों में इसका आयोजन किया जा रहा है।

KCC: ऋण वसूली को लेकर ऐक्शन, क्या KCC के चैयरमैन व अधिकारी भरेंगे 20 करोड़ का लोन?

मृत्युंजय पुरी, धर्मशाला।। केसीसी बैंक में करोड़ों के ऋण की वसूली के लिए बड़ा एक्शन हुआ है। करोड़ों के कर्ज के मामले की जांच में अतिरिक्त रजिस्ट्रार ने बैंक से जुड़े सात लोगों की जिम्मेदारी तय की है। इसके तहत ऋणधारक से कर्ज की वसूली करने को कहा गया है। इसमें कहा गया है कि किसी कारण अगर कर्जधारक अगर भरपाई नहीं करता है, तो इन लोगों से यह पैसा वसूल किया जाए।

कुल 28 पन्नों की जांच रिपोर्ट में चेयरमैन समेत कुल सात लोगों की जिम्मेदारी तय की गई है। अब इसमें पंजीयक सहकारी सभाएं की ओर से भी कार्रवाई होने का इंतजार है। ऋण का यह बहुचर्चित मामला साल 2019 से शुरू हुआ था। इसमें मंडी के रहने वाले एक व्यक्ति को ऊना की एक ब्रांच से 20 करोड़ रुपए का कर्ज दिया गया था। इसके तहत मनाली में होटल बनाया जाना था। बताया जाता है कि कर्जधारक ने तीन साल बाद भी इस पैसे का पूरी तरह उपयोग न किया। इस पर साल 2019-20 के आडिट में आडिटर ने इसे गलत करार दिया था। इसके बाद पंजीयक सहकारी सभाएं शिमला द्वारा इसकी जांच करवाई गई। इसमें भी नियमों की अनदेखी सामने आई है।

मौजूदा समय में यह कर्ज 20 करोड़ से काफी ज्यादा बताया जाता है। हाल ही में अतिरिक्त रजिस्ट्रार सहकारी सभाएं ने सहकारी अधिनियम 1968 की धारा 69 (2) के तहत जांच में बैंक से जुड़े सात लोगों की जिम्मेदारी फिक्स की है। इसके तहत कहा गया है कि कर्जधारक अगर कर्ज भरने में असमर्थ रहता है,तो उपरोक्त सात लोगों से यह पैसा वसूला जाए। इस बारे में अतिरिक्त रजिस्ट्रार सहकारी सभाएं सुखदेव सिंह ने कहा कि उन्होंने रिपोर्ट बनाकर भेज दी है। इस मामले उन्हें जो कमियां नजर आई हैं, उनका जिक्र कर दिया है।

रजिस्ट्रार राजेश शर्मा ने क्या कहा
इस बारे में रजिस्ट्रार सहकारी सभाएं राजेश शर्मा ने कहा कि धारा 69 (2) की जांच पूरी हो चुकी है। इसमें ऋण वसूली के लिए जिम्मेदारी फिक्स हुई है। नियमानुसार ऐसे मामलों में कर्ज की वसूली के लिए जिम्मेदार लोगों को कहा जाता है। ऋणधारक से अगर कर्ज की वसूली न हो पाए, तो जिम्मेदार लोगों से वसूली का प्रावधान है।

गौर रहे कि केसीसी बैंक पांच जिलों में अठारह लाख ग्राहकों को सेवा देता है। इससे करीब पंद्रह सौ कर्मचारी जुड़े हैं। कांगड़ा सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक प्रबंधन पर कर्ज बांटने को लेकर यह बड़ा मामला है।

बिलकिस बानो के बलात्कारियों को छोड़ना शर्मनाक: शांता कुमार

मृत्युंजय पुरी, पालमपुर।। हिमाचल प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शान्ता कुमार ने कहा कि यह देश का दुर्भाग्य है कि आजादी के 75 साल के बाद भी देश में अपराधों की संख्या बढ़ रही है। इससे भी अधिक शर्म की बात यह है कि छोटी बेटियों के साथ बलात्कार के अपराधों की संख्या सबसे अधिक बढ़ रही है। इसका सबसे बड़ा कारण यह है कि अपराधी प्रभावशाली लोग होते हैं, पकड़े ही नहीं जाते पकड़े जाते है तो सबको सजा नहीं होती।

उन्होंने इसी सम्बंध में कहा कि गुजरात के बिलकिस बानो प्रकरण के समाचार ने देश के लोगों का सिर शर्म से झुक गया है। वर्ष 2002 में गुजरात में गोधरा काण्ड के बाद दर्गे हुए बिलकिस बानों के परिवार के सात सदस्यों को दंगाईयों ने मौत के घाट उतार दिया। बिलकिस बानो की गोद में उसकी बेटी की भी हत्या कर दी। बिलकिस बानों उस समय पांच महीने की गर्भवती थी परिवार के आठ लोगों की हत्या के बाद बिलकिस बानों का गैंगरेप किया गया। गुम्बई की विशेष अदालत ने 11 अपराधियों को उम्र कैद की सजा सुनाई थी। बाद में मुम्बई उच्च न्यायालय ने सजा को बरकरार रखा था।

शान्ता कुमार ने कहा कि 11 अपराधियों को उम्र कैद की सजा का सीधा सा अर्थ यह है कि हत्या और बलात्कार का अपराध सिद्ध हो गया था एक परिवार के आठ लोगों की हत्या और बलात्कार के बाद उन दरिंदें अपराधियों को फांसी की सजा क्यों नहीं हुई यह समझ नहीं आता इससे भी अधिक हैरानी की बात यह है कि अब गुजरात सरकार ने उन अपराधियों को विशेष छूट देकर जेल से रिहा कर दिया है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के शर्मनाक अपराध के बाद ऐसे अपराधियों को छोड़ने का मतलब यह है कि वे प्रभावशाली लोग रहे होगें। इसीलिए उनको फांसी की सजा नहीं हुई और इसीलिए अब इनको विशेष छूट देकर छोड़ दिया गया। शान्ता कुमार ने कहा कि इस समाचार से पूरे भारत में सबका सिर शर्म से झुक गया हैं। यहीं वे सब कारण है जिससे आज भी बलात्कारों की संख्या देश में बढ़ती जा रही है। उन्होंने देश के प्रधानमंत्री आदरणीय श्री नरेन्द्र मोदी जी से विशेष आग्रह किया है कि वे अपने गुजरात प्रदेश के इस मामले पर विचार करे और उन्हें उनकी सजा को फांसी में बदलवाने के लिए सर्वोच्च न्यायालय से अपील दायर करवायें।

यामी गौतम ने पति सहित किए मां नैना देवी के दर्शन

बिलासपुर।। अभिनेत्री यामी गौतम ने अपने पति के साथ विश्व विख्यात शक्तिपीठ श्री नैना देवी माता के दर्शन किए और पारंपरिक पूजा अर्चना की। इस दौरान उनकी माता अंजलि गौतम भी उनके साथ थीं।

पुजारी सचिन गौतम ने विधिवत रूप से मंत्रोच्चारण के साथ माता जी की पूजा अर्चना करवाई। प्राचीन हवन कुंड में आहुतियां भी डाली गईं।

विवाह के बंधन में बंधने के बाद यामी गौतम पहली बार माता श्री नैना देवी के दर्शनों के लिए पहुंची थी। हालांकि, अक्सर वह माता श्री नैना देवी के दरबार में पूजा अर्चना के लिए पहुंचती रही हैं।