स्वागत समारोह में भावुक हुए पूर्व विधायक बलदेव शर्मा

हमीरपुर।।

 

 

 

बहुचर्चित यौन दुराचार काण्ड के जो आरोप बड़सर के पूर्व विधायक बलदेव शर्मा पर लगाये गए थे उनसे कोर्ट ने उन्हें बाइज़्ज़त बरी कर दिया है ।  बलदेव शर्मा के शिमला से घर लौटने पर हमीरपुर बॉर्डर पर जनता ने उनका भव्य स्वागत हुआ खुद पूर्व मुख्यमंत्री एवं विपक्ष के नेता प्रेम कुमार धूमल उनके स्वागत के लिए मौजूद थे।
  बड़सर पहुँचने पर भारी जनसमूह के बीच बीजेपी प्रदेश अध्य्क्ष सत्ती ने उनका स्वागत किया।  इस दौरान बलदेव शर्मा की आँखे भर आयीं।  उन्होंने कहा वो ही जानते हैं इन मिथ्या आरोपों को उन्होंने कैसे सहन  किया है बतौर बलदेव शर्मा वो एक साधरण परिवार से रहें हैं बड़सर की जनता ने उनके काम को देखते हुए उन्हें तीन बार अपना विधायक चुना।
उनकी लोकप्रियता को सदा के लिए खत्म करने के लिए ही  विरोधियों ने यह घिनौना षड़यंत्र रचा।  परन्तु पार्टी और परिवार और जनता ने उनका साथ दिया साथ ही साथ न्याय प्रणाली पर उनका पूर्ण विश्वास था।  शर्मा ने कहा यह दौर एक टीस के साथ उन्होंने अज्ञातवास में जिया है।  परन्तु जनता से मिले आगाध प्रेम के वो आभारी हैं और उसकी सेवा के लिए हमेशा तत्पर रहेंगे
उधर बलदेव शर्मा के निर्दोष करार दिए जाने से बड़सर में विरोधियों के साथ साथ उनकी अपनी ही पार्टी के नेता बहुत दुखी हैं।
गौरतलब है बलदेव शर्मा बड़सर से रिकॉर्ड तीन  बार चुनाव जीते हैं और  चौथी बार भी बहुत कम मार्जिन से उन्हें हार का सामना करना पड़ा था

कथित गैंग रेप की अफवाह फ़ैलाने वाली महिला के पति ने उठके उसके ‘चाल-चलन’ पर सवाल

धर्माशाला।।

बहन गैंगरेप का दावा करने और फिर  मुकने वाली महिला की सास ने बताया उसकी बहू का चाल-चलन विवाह से पहले का ही खराब है। शादी के के बाद ही उसने अपना रंग दिखाना शुरू कर दिया था। वह पिछले करीब डेढ़ साल से बेहद परेशान हैं। उनकी बहू को एक बार गलत धंधे के जुर्म में मुंबई में गिरफ्तार किया गया था ।

उसके बाद एक बार लुधियाना से भी फोन आया था। वहां पर उनकी बहू ने एक फोैजी के साथ लूटपाट की थी। इसके बारे में कई बार पंचायत में शिकायत की गई। उसके मायके वाले भी इस महिला के विरुद्ध जा चुके हैं। पुलिस चौकी गगल में उन्होंने अपनी बहू के खिलाफ कई बार शिकायत की है। लेकिन, आज तक वह परेशानी झेल रहे हैं। वहां की पंचायत प्रधान ने बताया कि पिछले तीन वर्षों से तथाकथित शिकायतकर्ता महिला ने अपने ससुराल वालों को परेशान करके रखा है। कई बार हमारी पंचायत और पुलिस चौकी गगल और जागोरी संस्था मेें शिकायत हो चुकी है। महिला कई बार गलत काम करते रंगे हाथों पकड़ी गई है।

शिकायतकर्ता महिला के मायके की पंचायत के सचिव और गांव के रहने वाले एक शख्स ने बताया कि उसकी शादी 18-19 साल में हो गई थी। पिता की करीब आठ वर्ष पहले मौत हो चुकी है। मायके में उसकी मां, नानी और छोटा भाई रहता है। मां मनरेगा में काम करती है। महिला स्कूल में पढ़ने के दौरान भी दो बार घर से भाग गई थी। जब शादी हुई तो ससुराल से भी 20-25 दिन बाद भाग जाती थी। एक बार तो ससुराल वाले महिला को बांध कर पंचायत में लाए। महिला का तीन साल बच्चा भी है। ससुराल और मायके के संबंधित पुलिस स्टेशनों में महिला के बारे में एफआईआर दर्ज हैं। महिला के गायब होने को लेकर कई बार पंचायत और पुलिस में मामला पहुंचा। सचिव ने बताया कि उसे लगता है कि महिला मानसिक रोगी नहीं बल्कि ओवरस्मार्ट है।

शिकायतकर्ता महिला रात को अपने मायके के घर में पुलिस सुरक्षा के बीच रही। सुबह उसे पूछताछ के लिए थाने लाया गया। महिला के पति से भी थाने में पूछताछ हुई। पति ने पूछताछ के दौरान अपनी पत्नी के चाल चलन पर सवाल उठाए। दोनों के बीच पंचायत और पुलिस तक कई बार मामला पहुंच चुका है। पति ने बताया कि महिला अक्सर गायब हो जाती है।

शिकायतकर्ता महिला ने यह पूरा जाल किसके इशारे पर बुना। बिन बात का इतना बड़ा बतंगड़ बनाने की जरूरत उसे क्यों पड़ी  पुलिस अब यह जांचने में जुटी है

हिमाचली युवा नहीं बनना चाहते अब इंजिनियर?

हमीरपुर।।
Indicative Picture

हिमाचल प्रदेश के इंजिनियरिंग कालेजों की निर्धारित सीटों के लिए बीटेक प्रवेश परीक्षा आधे छात्रों ने ही दी है। तकनीकी विश्वविद्यालय हमीरपुर ने प्रवेश भर के इंजिनियरिंग कालेजों को 7735 सीटें अलाट की हैं। इसके लिए ली गई बीटेक प्रवेश परीक्षा में मात्र 4516 कैंडीडेट अपीयर हुए हैं।

इन आंकड़ों के अनुसार बीटेक की सीटें भरने के लिए 58 फीसदी युवाआें ने ही दिलचस्पी दिखाई है। इस कारण इस प्रवेश परीक्षा के बाद भी 48 प्रतिशत बीटेक की सीटें खाली रह जाएंगी। हालांकि सिविल इंजिनियरिंग के लिए निर्धारित सीटों से ज्यादा छात्रों ने प्रवेश परीक्षा दी है।

बताते चलें कि तकनीकी विश्वविद्यालय ने सिर्फ अपने अधीन संबद्धता प्राप्त कालेजों के लिए सीटें अलाट की हैं। इसके अलावा प्रदेश के निजी विश्वविद्यालय भी बीटेक में दाखिले दे रहे हैं। इन विश्वविद्यालयों में भी तकनीकी विश्वविद्यालय के माध्यम से सीटें भरी जाएंगी।

हिमाचल बीजेपी के मुताबिक शांता कुमार सरकारों की नहीं थी कोई उपलब्धि?

  • भाजपा में रार की दरार: महासंपर्क अभियान  लिए छपी  प्रदेश की बीजेपी सरकारों की उपलब्धियों  वाली पत्रिका से शांता युग गायब, सोशल मीडिया पर छाया मामला।

शिमला।।

मोदी सरकार के एक साल पूरा होने का जश्न और महासंपर्क अभियान अभी  प्रदेश बीजेपी ने शुरू भी नहीं किया है कि पार्टी के जनसम्पर्क अभियान के लिए छपी पत्रिका विवादों के घेरे में आ गई है। पत्रिका के एक अंश में राज्य में रही बीजेपी सरकारों के कार्यकाल की उपलब्धियों को दर्शाया गया है, लेकिन सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर हो रही है, जिसमें इस पत्रिका को बनाने वालों की नीयत पर सवाल उठाए गए हैं।

सोशल मीडिया में पत्रिका की कटिंग्स दिखाई  जा रही हैं  और  चर्चा  चली है कि पूर्व मुख्यमंत्री  शांता कुमार के 2 कार्यकाल इसमें नहीं हैं। अब तक काफी लोगों द्वारा शेयर की गई इस पोस्ट में शांता कुमार के दो कार्यकालों 1977 एवं 1990  की उपलब्धियों को पॉइंट वाइज दिखाया  गया है और  हैरानी जाहिर की गई है कि  जनता जिसे पानी वाला मुख्यमंत्री और अंत्योदय पुरुष कहती है, उसकी योजनाओं का यहां जिक्र ही नहीं है।

सोशल मीडिया पर यह पोस्ट शेयर की जा रही है

शांता कुमार के अंत्योदय योजना लागू करने, प्रदेश को पावर प्रॉजेक्ट्स की रॉयल्टी दिलवाने वाले और पानी की सुविधा देने वाले कामों को इस पोस्ट में मुख्य रूप से शामिल किया गया है।  खबर है कि इस तरह आम जनता के बीच यह मामला जाने से हिमाचल बीजेपी की बहुत किरकिरी हो रही है। लोग और खासकर बीजेपी कार्यकर्ता ये बातें कर रहे हैं कि क्या पत्रिका के संपादक नहीं जानते थे कि शांता कुमार जनसंभ और बीजेपी के संस्थापक मेंबर रहे हैं। हिमाचल प्रदेश में बीजेपी की पहली सरकार भी उनके नेतृत्व में ही बनी थी।

लोगों का यह भी कहना है कि पार्टी के अंदर वर्षों से चली आ रही इसी जंग में बीजेपी पिछली बार के चुनावों में सरकार बनाने से चूक गई थी। अब राजनीति पंडितों की निगाहें इस बात पर टिकी हुई हैं कि बीजेपी इस मुद्दे को कैसे हैंडल करती है। क्या यह पत्रिका फिर से छापी जाएगी या इसे ऐसे ही बढ़ाया जाएगा।

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प्रदेश में जूनियर ऑफिस असिस्टेंट के कुल 142 पदों पर होगी भर्ती

  • बाहरवीं पास एवं कंप्यूटर डिप्लोमा धारकों के लिए प्रदेश सरकारं में निकली नौकरियां

  • शिमला।।

    प्रदेश में  जूनियर ऑफिस असिस्टेंट के कुल 142 पदों पर भर्ती होगी।  शिक्षा और वित्त विभाग समेत अन्य विभागों में जूनियर ऑफिस असिस्टेंट के पद भरे जाएंगे। हिमाचल प्रदेश अधीनस्थ सेवाएं चयन बोर्ड हमीरपुर के माध्यम से इन पदों पर भर्ती होगी। बोर्ड ने इच्छुक अभ्यर्थियों से 2 जून तक आवेदन मांगे हैं। जनजातीय क्षेत्रों के लिए आवेदन की अंतिम तिथि 8 जून है।
    गौरतलब है कि बोर्ड ने 13 फरवरी को विभिन्न पदों के लिए आवेदन मंगवाए थे, जिनमें ऑफिस असिस्टेंट के भी पद थे। अब ताजा विज्ञापन के मुताबिक पद बढ़ या घट सकते हैं, इसलिए तिथि बढ़ा दी गई है।  चयन बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि पहले से आवेदन कर चुके अभ्यर्थियों को दोबारा आवेदन की जरूरत नहीं है। भर्ती के लिए पुराने आवेदन ही मान्य होंगे।

    भर्ती के लिए अभ्यर्थी का 12वीं पास होना, एक वर्षीय कंप्यूटर डिप्लोमा और कंप्यूटर में टाइपिंग स्पीड 30 शब्द अंग्रेजी और 25 शब्द हिंदी प्रति मिनट की शर्त रखी है। बोर्ड की ओर से पूर्व निर्धारित योग्यता को पूरी करने वाले अभ्यर्थी ही जूनियर ऑफिस असिस्टेंट के पद के लिए आवेदन कर सकेंगे।

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    फर्जी निकला धर्मशाला केस, किसी के साथ रेप नहीं हुआ: पुलिस

    शिमला।।   धर्मशाला डिग्री कॉलेज की स्टूडेंट के साथ कथित गैंगरेप मामले में पुलिस ने कई खुलासे करते हुए मामला सुलझाने का दावा किया है। प्रदेश पुलिस महानिदेशक संजय कुमार ने कहा कि जिस तरह से सोशल मीडिया में मामले को उछाला जा रहा है, उस तरह की कोई भी घटना होने की बात जांच में सामने नहीं आई है।
    डीजीपी ने वीरवार को प्रदेश पुलिस हेडक्वॉर्टर में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि कथित पीड़ित लड़की के बयान से साफ हो गया है कि यह पूरा मामला केवल अपुष्ट बात को लेकर है। उन्होंने कहा कि इस मामले में कथित शिकायतकर्ता और कथित पीड़ित दोनों के जूडिशल मैजिस्ट्रेट के सामने बयान दर्ज करवाए गए हैं ताकि मामले में आगामी कार्रवाई की जा सके।
    पुलिस महानिदेशक ने एक सवाल के जवाब में कहा कि कथित पीड़ित लड़की का अभी तक मेडिकल नहीं करवाया गया है और मेडिकल तभी करवाया जाएगा यदि लड़की अथवा उसका परिवार इसकी इजाजत देता है। पुलिस शिकायतकर्ता लड़की के बारे में विस्तृत जानकारी जुटाने में लगी है, ताकि इस घटना के पीछे का सच सामने आ सके।
    प्रेस कॉन्फ्रेंस करते डीजीपी (Courtesy: Punjab Kesri)

    पुलिस महानिदेशक संजय कुमार ने कहा कि इस मामले में महाविद्यालय के मुख्य द्वार से लेकर प्रधानाचार्य कक्ष तक पुलिस ने 13 सीसीटीवी खंगाले, जिनमें से कोई क्लू नहीं मिला। इसके बाद वीरवार को शिकायतकर्ता का स्केच जारी करवाया गया। जारी स्केच की बदौलत ही वीरवार को पुलिस ग्राउंड के पास कथित शिकायतकर्ता लड़की पहचान में आई है। इसकी तत्काल सूचना पुलिस थाने को दी गई और युवती को कस्टडी में ले लिया।

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    डीजीपी ने कहा कि लड़की ने अभी तक पुलिस को दिए बयान में कहा है कि उसने इस कथित दुराचार के मामले की शिकायत किसी के कहने पर की थी। उन्होंने यह भी कहा कि कथित शिकायतकर्ता लड़की कई बार घर से भाग चुकी है और उसे एक बार दूसरे राज्य की पुलिस धर्मशाला छोडऩे आई थी। उन्होंने कहा कि मामले की जांच के तहत शिकायतकर्ता की मंशा व पृष्ठभूमि की तहकीकात भी पुलिस कर रही है।

    डीजीपी ने कहा कि शिकायतकर्ता ने पुलिस को दिए बयान में कहा है कि वह किसी के कहने पर प्रधानाचार्य के पास दुराचार की शिकायत लेकर पहुंची थी, ऐसे में पुलिस हर पहलू को गंभीरता से खंगाल रही है।

    धर्मशाला कथित गैंगरेप मिस्ट्री: पुलिस के पास पहुंची एक युवती, थाना सील

    धर्मशाला।।
    हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला में छात्रा से कथित गैंगरेप के केस में बड़ी खबर सामने आई है। हिंदी अखबार ‘अमर उजाला’ के मुताबिक मामले से जुड़ी एक युवती पुलिस के पास पहुंची है। माना जा रहा है कि यह युवती पीड़िता की बहन है। मगर अभी तक पुलिस की  तरफ से कोई बयान नहीं आया है।
    अखबार की रिपोर्ट के मुताबिक मामला गरमाने के बाद धर्मशाला पुलिस स्टेशन को सील कर दिया गया है और मीडिया की एंट्री भी बंद कर दी गई है। बताया जा रहा है कि यह युवती सुबह खुद पुलिस के पास पहुंची थी। ऐसी चर्चा होने की भी खबर है कि पुलिस ही इस युवती को थाने लाई है।
    साभार: अमर उजाला
    शाम तक मामले का खुलासा होने की उम्मीद जताई जा रही है। यह साफ हो जाएगा कि मामले में कितनी सचाई है। सीनियर ऑफिसर खुद मामले की जांच में जुटे हैं और अभी तक कुछ भी नहीं बता रहे हैं।

    अब हिमाचल प्रदेश टेक्निकल यूनिवर्सिटी में हो सकेगी इंजिनियरिंग में पीएचडी

    शिमला।।
    अब हिमाचल प्रदेश टेक्निकल यूनिवर्सिटी से इंजिनियरिंग में पीएचडी भी की जा सकेगी। एचपीटीयू के इस प्रस्ताव पर बोर्ड ऑफ गवर्नेंस ने मुहर लगा दी है। अब यूनिवर्सिटी अगले साल से पीएचडी करवाना शुरू कर देगी। 

    हिमाचल प्रदेश टेक्निकल यूनिवर्सिटी ने बीते साल सितंबर में पीचएडी करवाने का प्रस्ताव तैयार किया था। बोर्ड ऑफ गवर्नेंस ने इसे मंजूरी देने के साथ-साथ आर ऐंड पी रूल्स लागू करने की भी इजाजत दी है। 

    Indicative Image
    बोर्ड ऑफ गवर्नेंस ने यूनिवर्सिटी के संबंधित अधिकारियों को जरूरी पावर्स दे दी हैं। टेक्निकल एजुकेशन डिपार्टमेंट ने विधानसभा में पारित विधेयक के आधार पर इसकी नोटिफिकेशन जारी की है। अभी तक राज्य सरकार ही यूनिवर्सिटी के फैसले ले रही थी। 
    हिमाचल प्रदेश में अब तक सरकारी यूनिवर्सिटी से इंजिनियरिंग में पीएचडी का प्रावधान नहीं था। अब यूनिवर्सिटी अपने स्तर पर मंजूर पदों के तहत भर्ती प्रक्रिया भी आरंभ कर सकती है।

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    Video: कंगना रणौत ने बेतुके सवाल पर बंद की पत्रकार की बोलती

    शिमला।।

    पत्रकार कई बार बेतुके सवाल पूछ लेते हैं। ऐसे ही एक पत्रकार ने ‘तुन वेड्स मनु-2’ के प्रोमोशनल इवेंट के दौरान कंगना से फालतू सवाल कर दिया। कंगना ने भी पत्रकार के अजीब सवाल का अजीब रिऐक्शन देते हुए जवाब दिया।

    साथ ही हिमाचली टोन में बोली गई हिंदी में उन्होंने जो कहा, उसने वहां पर मौजूद लोगों को गुदगुदा दिया। देखें विडियो:

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    Video: धर्मशाला कॉलेज की यह लड़की बता रही है पूरी कहानी

    धर्मशाला।।

    धर्मशाला मिस्ट्री लगातार उलझती जा रही है। अभी तक विक्टिम और प्रत्यक्षदर्शियों के सामने न आने की वजह से पुलिस को मामले को सुलझाने में दिक्कत हो रही है। पुलिस ने घटना की जानकारी देने वाले को इनाम देने और उसका नाम-पता गुप्त रखने की बात कही है। इस बीच एक विडियो सामने आय़ा है, जिसमें कॉलेज की स्टूडेंट बता रही है कि उसकी ‘विक्टिम’ की बहन से बात हुई थी।

    विडियो में यह स्टूडेंट बता रही है कि कैसे विक्टिम की बहन आई थी और उसने घटना का पूरा वर्णन किया था।  अगर मीडिया वाले इस प्रत्यक्षदर्शी को ढूंंढ सकते हैं, तो पुलिस क्यों नहीं? तमाम अटकलों पर तभी विराम लग सकता है, जब जांच के बाद पुलिस कोई मजबूत तथ्य निकालेगी।

    लड़की ने बताई पूरी कहानी

    इस बीच पुलिस ने अपील की है कि अफवाहों पर ध्यान न दें और तथ्यों के बिना सोशल मीडिया पर गलत बातें न फैलाएं। मीडिया को भी तथ्यों के साथ रिपोर्टिंग करने को कहागया है। बहरहाल, इस विडियो को देखिए, जिसे ‘अमर उजाला’ ने शेयर किया है:

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